न्यायप्रियता के लिये मुझ से लोग लूटते हैं पीडित करते हैं मुझे दर्द किया प्रदर्शित अब तुम ही न्याय करो, आपने चिट्ठे पर विदेशी हिन्दी पाठकों के अनवरत प्रवाह प्राप्त करने के लिये उसे आज ही हिन्दी चिट्ठों की अंग्रेजी दिग्दर्शिका चिट्ठालोक पर पंजीकृत करें. मेरे मुख्य चिट्टा सारथी एवं अन्य चिट्ठे तरंगें एवं इंडियन फोटोस पर भी पधारें. चिट्ठाजगत पर सम्बन्धित: विश्लेषण, आलोचना, सहीगलत, निरीक्षण, परीक्षण, सत्य-असत्य, विमर्श, हिन्दी, हिन्दुस्तान, भारत, शास्त्री, शास्त्री-फिलिप, सारथी, वीडियो, मुफ्त-वीडियो, ऑडियो, मुफ्त-आडियो, हिन्दी-पॉडकास्ट, पाडकास्ट, analysis, critique, assessment, evaluation, morality, right-wrong, ethics, hindi, india, free, hindi-video, hindi-audio, hindi-podcast, podcast, Shastri, Shastri-Philip, JC-Philip
जाने जाते हैं हम हिन्दुस्तानी
सहस्त्र वर्षों से.
अत: यकीन है मुझे पूरा,
कि मिलेगा मुझे आज,
न्याय सही
हिन्दुस्तानी समाज से.
हर दिन सेवा, पैसा, सबकुछ.
मेरी बहिन पर तो लोग लुटाते हैं,
हर दिन माया शतसहस्त्र.
लोग,
अत: हुई मैं अबला अनावृत
जनता के समक्ष सिर्फ इक बार.
प्रशंसा करते हैं बहिन की
मेरे,
अत: होती है वह अनावृत,
जनता के सामने, कैमरे के सामने,
मीडिया के सामने,
हर रोज.
इस तरह इक बार मैं ने.
अत: आरोप लगा मुझ पर
अश्लीलता का.
प्रदर्शित करती है बहन मेरी ही,
कामुकता का,
जनता की वासना के लिये
हर रोज.
अत: कहा जाता है उसे,
कलाकार या मॉडल.
हे मेरे हिन्दुस्तान,
कि कैसे हो गया अश्लील
इक दुखियारी का
एक मात्र दर्द प्रदर्शन,
एवं कैसे हो गया श्लील
इक कामुक भीड के समक्ष
मेरी ही बहन का
रोज का अनावरण.
Saturday, December 22, 2007
एक स्त्री का दर्द !
Wednesday, December 19, 2007
पतिव्रता
वे बोली, तभी तो मैं कहां आता है उनको लेकिन कब किसी से आपने चिट्ठे पर विदेशी हिन्दी पाठकों के अनवरत प्रवाह प्राप्त करने के लिये उसे आज ही हिन्दी चिट्ठों की अंग्रेजी दिग्दर्शिका चिट्ठालोक पर पंजीकृत करें. मेरे मुख्य चिट्टा सारथी एवं अन्य चिट्ठे तरंगें एवं इंडियन फोटोस पर भी पधारें. चिट्ठाजगत पर सम्बन्धित: विश्लेषण, आलोचना, सहीगलत, निरीक्षण, परीक्षण, सत्य-असत्य, विमर्श, हिन्दी, हिन्दुस्तान, भारत, शास्त्री, शास्त्री-फिलिप, सारथी, वीडियो, मुफ्त-वीडियो, ऑडियो, मुफ्त-आडियो, हिन्दी-पॉडकास्ट, पाडकास्ट, analysis, critique, assessment, evaluation, morality, right-wrong, ethics, hindi, india, free, hindi-video, hindi-audio, hindi-podcast, podcast, Shastri, Shastri-Philip, JC-Philip
कोई न होगी पतिव्रता
मुझसे अधिक.
पति के गृहस्थी के
कामों में,
कभी भी नहीं करती
नुक्ताचीनी.
ढंग से खाना पकाना या,
बच्चे खिलाना.
कब उन्होंने बनाया है
स्वादिष्ट खाना,
या ठीक से बुहारा घर,
या साफ पोंछा लगाया फर्श पे.
कब मुझे हुई है तृप्ति
उनकी तनख्वाह से.
की है शिकायत
मेरी इन कठिनाईयों
के बारे में!
Tuesday, December 18, 2007
संस्कृति !!
उन्हें अत: बीबीसी एवं प्रगति ढेर से वायदे, कितनी प्रगति हुई है हमारे फिर क्यों नयागंव आपने चिट्ठे पर विदेशी हिन्दी पाठकों के अनवरत प्रवाह प्राप्त करने के लिये उसे आज ही हिन्दी चिट्ठों की अंग्रेजी दिग्दर्शिका चिट्ठालोक पर पंजीकृत करें. मेरे मुख्य चिट्टा सारथी एवं अन्य चिट्ठे तरंगें एवं इंडियन फोटोस पर भी पधारें. चिट्ठाजगत पर सम्बन्धित: विश्लेषण, आलोचना, सहीगलत, निरीक्षण, परीक्षण, सत्य-असत्य, विमर्श, हिन्दी, हिन्दुस्तान, भारत, शास्त्री, शास्त्री-फिलिप, सारथी, वीडियो, मुफ्त-वीडियो, ऑडियो, मुफ्त-आडियो, हिन्दी-पॉडकास्ट, पाडकास्ट, analysis, critique, assessment, evaluation, morality, right-wrong, ethics, hindi, india, free, hindi-video, hindi-audio, hindi-podcast, podcast, Shastri, Shastri-Philip, JC-Philip
अपनी संस्कृति से है
बेहद प्यार.
सीएनएन
द्वारा प्रस्तुत कोई भी
“देसी” प्रोग्राम
कभी नहीं करते हैं मिस.
वे बोले
ताज्जुब है कि
नयागांव अभी भी
है पिछडा.
अनगिनित हवाई किले,
सैकडों कागजी कूंए,
बात बात पर उन के लिये
नई नई घोषणाये,
एवं साल में कम से कम
दीवाली पर राशन,
सभी तो हम ने दिलाये हैं.
खुद के जीवन में इस बीच.
जो हम कल तक नहीं थे,
वे आज हो गये है.
अभी तक है पिछडा.
जरूर जनता में ही
होगी कोई कमी .
